Success Story Of IAS Topper Chandrima Attri: कई लोगों का यूपीएससी का सफर काफी जल्दी खत्म हो जाता है तो कुछ लोगों को सफलता पाने में सालों लग जाते हैं. आज आपको हरियाणा के पानीपत की रहने वाली चंद्रिमा अत्री की कहानी बताएंगे, उन्हें चौथे प्रयास में यूपीएससी में सफलता मिली. यूपीएससी 2019 की परीक्षा में उन्होंने 72वीं रैंक प्राप्त कर अपना सपना पूरा किया. खास बात यह रही कि शुरुआती तीन प्रयासों में वे इंटरव्यू राउंड तक भी नहीं पहुंचीं और चौथे प्रयास में उन्होंने सटीक रणनीति और समय का ध्यान रखकर सफलता प्राप्त की है. उनके मुताबिक पेपर सॉल्व करते समय आपको समय का ध्यान रखना चाहिए. अगर ऐसा नहीं करेंगे तो आप पूरा पेपर सॉल्व नहीं कर पाएंगे.

ऐसे चंद्रिमा ने हासिल की सफलता

चंद्रमा का जन्म हरियाणा के पानीपत जिले में हुआ. वे पढ़ने में काफी होशियार थीं और बचपन से उनका सपना आईएएस बनने का था. इसलिए चंद्रिमा ने यूपीएससी की तैयारी काफी पहले से ही शुरू कर दी थी. उन्होंने अपनी अच्छी रणनीति बनाकर तैयारी की लेकिन शुरुआत के 3 प्रयासों में वे इंटरव्यू तक नहीं पहुंचीं. हालांकि वे निराश नहीं हुई और उन्होंने सकारात्मक रवैया अपनाकर अपना सफर जारी रखा. चौथे प्रयास से पहले उन्होंने अपनी पिछली कमियों को देखा. उनको सुधारा और फिर बेहतर ऊर्जा के साथ परीक्षा में शामिल हुईं. आखिरकार इस बार उनका सिलेक्शन हो गया.

निबंध के पेपर को इस तरह किया सॉल्व 

वह कहती हैं कि यूपीएससी में निबंध के पेपर के लिए 3 घंटे मिलते हैं. इसमें कैंडिडेट्स को दो निबंध लिखने होते हैं. इस पेपर में ज्यादातर लोग समय का संतुलन नहीं बना पाते और इससे उनका सिलेक्शन नहीं हो पाता. वे कहती हैं कि आपको दोनों निबंधों के अनुसार डेढ़ घंटा बांट लेना चाहिए. इसके लिए आप निबंध के मुख्य बिंदुओं को पहले नोट कर लें. जितना सीधा और सटीक जवाब आप लिखेंगे उतने आपके मार्क्स बेहतर आएंगे. कई लोग सोचते हैं कि अगर वे अलग विषय पर निबंध लिखेंगे तो उनके नंबर ज्यादा आएंगे लेकिन ऐसा नहीं है. आप कोई भी टॉपिक चुनें, लेकिन आप गहराई व तथ्यों के साथ उसको प्रजेंट करें. आपको उस विषय की अच्छी नॉलेज होनी चाहिए.

यहां देखें चंद्रिमा का दिल्ली नॉलेज ट्रैक को दिया गया इंटरव्यू

 

दूसरे कैंडिडेट्स को चंद्रिमा की सलाह

यूपीएससी की तैयारी करने वाले कैंडिडेट्स को चंद्रिमा समय का ध्यान रखने की सलाह देती हैं. उनका मानना है कि यूपीएससी में अगर आपको सफलता प्राप्त करनी है तो समय का संतुलन बनाना बेहद जरूरी है. इसके साथ ही आप को सही दिशा में मार्गदर्शन की भी जरूरत होती है. जब आप लगातार मेहनत करते हैं तो आपको सफलता जरूर मिलती है. कई बार लोग असफलताओं से घबरा जाते हैं लेकिन ऐसे में धैर्य रखने की जरूरत होती है. आप अपनी कमियों को सुधारें तो अगली बार बेहतर जरूर कर पाएंगे.

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